हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू शनिवार को समग्र शिक्षा की कई महत्वपूर्ण पहलों का शुभारंभ किया। 12:30 बजे मुख्यमंत्री समग्र शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना निदेशालय पहुंचे। उन्होंने एलईपी 2.0 की लांचिंग की। इसके साथ ही नव-निर्मित विद्या समीक्षा केंद्र (VSK) का उद्घाटन भी किया। मुख्यमंत्री स्कूली शिक्षकों के साथ संवाद कर उनकी सीखने की प्रक्रियाओं और अनुभवों को भी समझा।
मुख्यमंत्री ने समग्र शिक्षा निदेशालय, शिमला में आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में नई तकनीकी पहलों और अत्याधुनिक सुविधाओं का शुभारंभ भी किया। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर भी इस मौके पर विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री समग्र शिक्षा के लर्निंग एनहांसमेंट प्रोग्राम (LEP) 2.0 की भी औपचारिक लांचिंग की। यह समावेशी शिक्षा के उद्देश्यों के अनुरूप तैयार यह कार्यक्रम शैक्षिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को मुख्यधारा में लाने पर केंद्रित है।
Learning Enhancement Program 2.0 launched

मुख्यमंत्री समग्र शिक्षा के लर्निंग एनहांसमेंट प्रोग्राम (LEP) 2.0 की भी औपचारिक लांचिंग की। यह समावेशी शिक्षा के उद्देश्यों के अनुरूप तैयार यह कार्यक्रम शैक्षिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को मुख्यधारा में लाने पर केंद्रित है।
प्रभावी मार्गदर्शिका का कार्य करेगा
एलईपी 2.0 का मॉड्यूल शिक्षकों और विद्यार्थियों के लिए एक प्रभावी मार्गदर्शिका का कार्य करेगा, जिससे शिक्षण अधिक सरल, संरचित और परिणाम-केंद्रित बनेगा। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में लगभग एक-चौथाई विद्यार्थियों को पढ़ाई में अतिरिक्त सहयोग की आवश्यकता है। एलईपी 2.0 के माध्यम से ऐसे विद्यार्थियों को स्तर अनुकूल और समयबद्ध सहायता उपलब्ध कराई जाएगी ताकि वे अन्य विद्यार्थियों के बराबर आ सकें।
मॉडयूल आधार पर होगा मूल्यांकन
मॉड्यूल के आधार पर विद्यार्थियों का नियमित मूल्यांकन सुनिश्चित किया जाएगा, जिसकी मॉनिटरिंग स्विफ्ट चैट ऐप और विद्या समीक्षा केंद्र के माध्यम से की जाएगी। शिक्षकों को रेमेडियल बुक्स उपलब्ध करवाई जाएंगी और प्रत्येक विद्यार्थी को उसकी सीखने की आवश्यकता और स्तर के अनुसार व्यक्तिगत और अनुकूलित सहायता दी जाएगी।
कमजोर विद्यार्थियों में सुधार का लक्ष्य
घर पर डिजिटल अभ्यास को बढ़ावा देने के लिए भी विशेष व्यवस्था की गई है, जिससे पढ़ाई अधिक रुचिकर बनेगी और नियमित अभ्यास से विद्यार्थियों की सीखने की कमजोरियां दूर होंगी। यह एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक हस्तक्षेप है, जिसके माध्यम से कमजोर विद्यार्थियों के सीखने के स्तर में उल्लेखनीय सुधार लाने का लक्ष्य है।
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Learning Enhancement Program 2.0



